CPU क्या है और इसका काम क्या है: आसान भाषा में समझें

CPU (Central Processing Unit) कंप्यूटर में महत्वपूर्ण उपकरण होता है। यहां आपको पता होना चाहिए कि CPU kya hai और इसकी क्या भूमिका है। अगर आपको CPU के बारे में ज्ञान नहीं है तो इस आर्टिकल को पढ़ना जरूरी है। यहां मैंने CPU के बारे में पूरी जानकारी दी है। इसमें CPU की definition, introduction, work, कार्य करने का तरीका, प्रकार, निर्माण, पूरा नाम, CPU का स्थान, picture, अर्थ, महत्व और कार्य विश्लेषण शामिल हैं।

CPU क्या है? (What is CPU in Hindi)

CPU का पूरा नाम Central Processing Unit है, जो कंप्यूटर का एक छोटा लेकिन महत्वपूर्ण घटक होता है। यह एक चिप की तरह काम करता है और कंप्यूटर के सभी निर्देशों को प्रोसेस करता है और कार्यक्रम के अनुसार परिणाम प्राप्त करता है। इसके बाद, कंप्यूटर आउटपुट प्रदान करता है, अर्थात् CPU को किसी भी आउटपुट को प्राप्त करने से पहले कार्य करना होता है। यह निर्देशों को नियंत्रित और प्रोसेस करता है, जिससे कोई परिणाम प्राप्त होता है।

CPU एक प्रकार का इलेक्ट्रॉनिक उपकरण होता है, जिस तरह मनुष्य के लिए मस्तिष्क महत्वपूर्ण होता है, ठीक उसी तरह कंप्यूटर के लिए CPU महत्वपूर्ण होता है। क्योंकि CPU को कंप्यूटर का मस्तिष्क (ब्रेन) माना जाता है। जिस तरह मनुष्य अपने मस्तिष्क के बिना कुछ नहीं कर सकता, ठीक उसी तरह कंप्यूटर भी CPU के बिना कुछ नहीं कर सकता है। जो कुछ भी कंप्यूटर करता है, उसमें CPU का महत्वपूर्ण योगदान होता है। इसलिए यह कंप्यूटर का प्रमुख उपकरण कहा जाता है।

कंप्यूटर में प्रत्येक इनपुट का आउटपुट प्राप्त करने के लिए CPU का उपयोग करना पड़ता है। इसे सरल शब्दों में समझने के लिए, एक उदाहरण लेते हैं। उदाहरण के लिए; आप कैलकुलेटर सॉफ़्टवेयर का उपयोग करके कंप्यूटर में दो संख्याओं को जोड़ना चाहते हैं। तब सबसे पहले कीबोर्ड की मदद से कंप्यूटर को दो संख्याएं इनपुट करनी होगी। अब कीबोर्ड कंट्रोलर उन दो संख्याओं को बाइनरी भाषा में बदल देगा। ऐसा इसलिए क्योंकि कंप्यूटर बाइनरी भाषा पर कार्य करता है। जब ये दो संख्याएं कंप्यूटर CPU तक पहुंचेंगी, तब CPU का मुख्य भाग गणितीय तार्किक इकाई द्वारा इन दो संख्याओं को जोड़कर कंप्यूटर डिस्प्ले पर प्रदर्शित करेगा।

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इसी तरह, कंप्यूटर में किसी भी कार्य को performed करने के लिए CPU जिम्मेदार होता है। क्योंकि इससे सभी कार्य performed होते हैं। इसके कारण CPU अक्सर गर्म हो जाता है। CPU को गर्म होने से बचाने के लिए CPU के पास एक फैन लगाया जाता है, जिसे CPU फैन या कूलिंग फैन कहा जाता है। CPU को प्रोसेसर, माइक्रोप्रोसेसर और संक्षेप में CPU भी कहा जाता है। इसलिए कंप्यूटर सिस्टम या स्मार्टफोन की विशेषताओं में प्रोसेसर की जानकारी CPU द्वारा प्रदान की जाती है। इसे कुछ ऐसे तरीके से तैयार किया जाता है कि इसमें छोटे-छोटे हजारों और लाखों ट्रांजिस्टर्स लगे होते हैं।

CPU की परिभाषा (Definition of CPU in Hindi)

CPU वह उपकरण है जो कंप्यूटर में प्राप्त data और Instructions को Process करके result प्रदान करता है। यह कंप्यूटर का प्रक्रिया उपकरण है जिसका कार्य प्रत्येक प्रकार के निर्देशों को प्रोसेस करना होता है। इसके बाद निर्देश का परिणाम आउटपुट उपकरण के माध्यम से प्रदर्शित होता है। CPU कंप्यूटर सिस्टम का मुख्य उपकरण है और बिना इसके कंप्यूटर के कार्य को संचालित करना संभव नहीं होता। क्योंकि परिणाम प्रदर्शित करने के लिए निर्देशों को प्रोसेस करना आवश्यक होता है और प्रोसेस के दौरान उचित परिणाम प्राप्त होता है।

CPU का परिचय

cpu kya hai

चलिए अब हम आपको बताते हैं कि CPU कैसा होता है और यह कहां स्थित होता है। CPU कंप्यूटर के मदरबोर्ड पर लगे वर्गाकार इलेक्ट्रॉनिक माइक्रोचिप होता है। इसे आप CPU फैन के नीचे मदरबोर्ड पर देख सकते हैं। CPU को देखने के लिए कंप्यूटर को खोलना पड़ता है क्योंकि मदरबोर्ड कंप्यूटर का आंतरिक भाग होता है। यदि आप CPU की तस्वीर देखना चाहते हैं, तो हमने ऊपर से एक CPU की तस्वीर भी दी है। आप इसे देख सकते हैं और समझ सकते हैं कि CPU का वास्तविक रूप में कैसा दिखता है।

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CPU के कार्य -Functions of CPU in Hindi

जैसा कि हमने पहले ही बता दिया है कि CPU कंप्यूटर सिस्टम का सबसे महत्वपूर्ण उपकरण है। यह कंप्यूटर में सबसे प्रमुख कार्य करता है। इसलिए, यहां हम विस्तार से जानेंगे कि CPU कंप्यूटर में क्या कार्य करता है।

CPU इनपुट प्राप्त करने के लिए मेमोरी तक पहुंचता है और डेटा को पढ़ता है।

CPU कंप्यूटर Keyboard से लिए गए निर्देशों का पालन करता है।

CPU कंप्यूटर के सभी कार्यों को नियंत्रित करता है और प्रोसेस करता है।

CPU कंप्यूटर प्रोग्राम और निर्देशों के आधार पर कार्य करता है।

CPU इनपुट डिवाइस से डेटा प्राप्त करके परिणाम दिखाता है।

कंप्यूटर के सभी कार्यों का Processing कार्य CPU करता है।

CPU अंकगणितीय और तार्किक गणना करता है।

CPU इनपुट को आउटपुट में बदलता है।

CPU इनपुट डिवाइस और आउटपुट डिवाइस को आपस में जोड़ता है।

सरल शब्दों में कहें तो, CPU कंप्यूटर के सभी कार्यों को नियंत्रित करके चलाता है। यह कंप्यूटर के लिए एक ब्रेन की तरह काम करता है।

CPU के भाग -Parts of CPU in Hindi

जैसा कि हमने बताया कि CPU कंप्यूटर का Brain कहते है यह कंप्यूटर के सभी कार्यों को प्रोसेस करता है। इसके बाद ही कंप्यूटर कोई परिणाम दिखा सकता है। CPU के इन कार्यों को करने में कुछ मुख्य उपकरण CPU की मदद करते हैं। जो कि CPU के हिस्सों में शामिल होते हैं। CPU के प्रत्येक हिस्से का अपना विशेष कार्य होता है। आप सोच रहे होंगे कि CPU के कितने हिस्से होते हैं। CPU मुख्य रूप से तीन हिस्सों से मिलकर बनता है। इनके नाम निम्न हैं:

 1. Arithmetic logical unit (ALU)

यह CPU का प्रमुख अंग है जो अंकगणितीय और तार्किक कार्यों के लिए जिम्मेदार होता है। यह जोड़, घटाएँ, गुणा करें, भाग करें, तुलनात्मक और सही या गलत कार्य जैसे कार्यों का प्रोसेसिंग ALU द्वारा होता है। इसके साथ ही, यह तार्किक कार्यों में चयन करना, मिलाना आदि भी CPU के इसी भाग का कार्य होता है। सामान्य शब्दों में कहें तो ALU का कार्य अंकगणितीय और तार्किक कार्यों को करना होता है।

2. Control Unit (CU)

यह कंप्यूटर के सभी कार्यों और घटनाओं को नियंत्रित करता है। यह कंप्यूटर में होने वाली सभी प्रक्रियाओं को नियंत्रित रखता है। यह कंप्यूटर मेमोरी से निर्देश प्राप्त करता है। साथ ही, यह कंप्यूटर के सभी इनपुट डिवाइस, आउटपुट डिवाइस और प्रोसेसरों के बीच संयोजन करता है। इसके कारण इनपुट डिवाइस द्वारा दिए गए निर्देशों का परिणाम आउटपुट डिवाइस पर प्राप्त होता है। यह कंप्यूटर की सभी ऑपरेशन को प्रबंधित करने के कारण इसे कंप्यूटर का प्रबंधक भी कहा जाता है।

3. Memory Unit (MU)

मेमोरी यूनिट एक स्टोरेज डिवाइस है जो कंप्यूटर में निर्देश, प्रोग्राम, कमांड और परिणाम को संग्रहित करने के लिए उपयोग होती है। यह भी CPU का महत्वपूर्ण अंग है। किसी भी कार्य को करने के लिए, प्राप्त निर्देशों को सबसे पहले मेमोरी में संग्रहित किया जाता है। इसके बाद मेमोरी से निर्देशों को प्राप्त करके प्रोसेसिंग की जाती है। प्रोसेसिंग के बाद परिणाम को फिर से मेमोरी में संग्रहित किया जाता है। ताकि उपयोगकर्ता कभी भी इसका उपयोग कर सकें। इन कार्यों को करने के लिए, कंप्यूटर अलग-अलग मेमोरी का उपयोग करता है। प्रक्रिया नहीं की गई निर्देशों को संग्रहित करने के लिए रैम का उपयोग किया जाता है। जो कि एक अस्थायी मेमोरी है। वहीं प्रोसेस किए गए निर्देशों, अर्थात परिणाम को आरओएम में संग्रहित किया जाता है। जो कि एक स्थायी मेमोरी है। इस मेमोरी में संग्रहित डेटा हमेशा के लिए उपलब्ध रहता है और कभी भी उपयोग किया जा सकता है।

CPU कैसे काम करता है? (CPU Work in Hindi)

हमें यह जानना चाहिए कि CPU कैसे काम करता है। CPU Computer System का मुख्य अंग है, जो हमारे द्वारा दिए गए Instructions का परिणाम प्रदान करता है। CPU का काम CPU के सहायक उपकरणों द्वारा किया जाता है। हमने पहले ही CPU के कार्य और इसके सहायक उपकरणों के बारे में चर्चा की है। इसमें ALU का कार्य, Memory Unit का कार्य और CPU के भीतर Control Unit का कार्य शामिल है। CPU के कार्य करने के तरीके की बात करें तो, CPU तीन चरणों में काम करता है – Fetch, Decode और Execute. आइए, हम इन चरणों को विस्तार से समझते हैं।

1. Fetch

पहला चरण “Fetch” होता है। इस चरण में Instructions को प्राप्त किया जाता है, जिसका अर्थ होता है कि यह Instructions प्राप्त किए जाते हैं। ये Instructions बाइनरी नंबर की सीरीज़ के रूप में RAM से CPU तक पहुंचते हैं। CPU Instructions को यूनिट्स या सेट्स में विभाजित करता है ताकि वे आगे के कार्यों के लिए प्राप्त किए जा सकें। Instructions के सेट्स के पता लगाने के लिए, इसमें प्रोग्राम काउंटर (PC) होता है, जो CPU को बताता है कि अगला सेट किसे प्रोसेस करना है। पहले चरण के बाद, Instructions को “Instructions Register” (IR) नामक रजिस्टर में स्टोर किया जाता है।

2. Decode

यह दूसरा चरण “Decode” है। इसमें, Instructions Register (IR) में स्टोर किए गए Instructions को “Instructions Decoder Circuit” में पास किया जाता है, जहां डिकोड का चरण शुरू होता है। Instructions को Signal में डिकोड करके explanation किया जाता है। Instructions को सिग्नल में डिकोड होने के बाद, वे आगे के चरण के लिए CPU के दूसरे हिस्से को भेजे जाते हैं।

3. Execute

यह तीसरा और अंतिम चरण “Execute” है। इस चरण में, डिकोड हुए Instructions को performed (Execute) किया जाता है। प्राप्त परिणाम को CPU रजिस्टर में स्टोर किया जाता है, ताकि अन्य डिकोड Instructions इसे उपयोग कर सकें। इसके बाद, जरूरत के अनुसार परिणाम को आउटपुट उपकरण को या फिर आंतरिक मेमोरी को सुरक्षित रखने के लिए आउटपुट दिया जाता है।

CPU के प्रकार -Types of CPU in Hindi

जब हम कंप्यूटर CPU के प्रकार के बारे में बात करते हैं, तब हमारा मतलब कंप्यूटर CPU की क्षमता और गति से होता है। CPU की गति जितनी अधिक होगी, वह किसी भी कार्य को तेजी से कर सकेगा। CPU की गति को Gigahertz में मापा जाता है। उदाहरण के लिए, अगर किसी CPU की गति 3.0 Gigahertz है, तो यह एक सेकंड में तीन बिलियन निर्देशों को प्रोसेस कर सकता है। कंप्यूटर सिस्टम और सॉफ़्टवेयर कितने तेज़ काम करेगा, यह भी कंप्यूटर के CPU पर ही निर्भर करता है।

इसलिए, यह जरूरी होता है कि अपने सिस्टम के लिए एक सही CPU का चयन किया जाए, जो पूरे सिस्टम को सही से हैंडल कर सके। जब हम CPU की प्रदर्शन की बात करते हैं, तब यह जानना बेहद आवश्यक होता है कि CPU में कोर क्या होता है। अर्थात्, कोर क्या होता है? क्या आप जानते हैं कि कोर क्या होता है? आज के CPU में कई सेट में विभाजित होते हैं, जिन्हें हम CPU कोर कहते हैं। यह CPU की क्षमता को दर्शाता है। यानी अगर किसी CPU में एक कोर है, तब वह CPU एक समय में एक ही टास्क करने में सक्षम होगा।

उसी प्रकार, जब CPU में मल्टीपल कोर होंगे, तब वह एक समय में मल्टीपल टास्क करने में सक्षम होगा। कोर के भाग को थ्रेड्स कहा जाता है। CPU एक समय में कितने टास्क करेगा, यह CPU के कोर और थ्रेड्स पर निर्भर करता है। पहले के CPU में सिंगल कोर ही होता था, लेकिन समय के साथ उनमें विकास हुआ है और आजकल मल्टीपल कोर वाले CPU आते हैं, जिससे एक समय में मल्टीपल कार्य कर सकते हैं। यहाँ हमने कुछ CPU के प्रकारों के बारे में बताया है, जिससे आपको यह समझने में आसानी होगी कि कौन सा CPU आपके सिस्टम के लिए सबसे अच्छा है। तो चलिए जानते हैं कि CPU कितने प्रकार के होते हैं।

1. Single Core CPU

जिस CPU में Single Core होते हैं, उन्हें Single Core CPU कहा जाता है। इसका अर्थ है कि इस CPU में केवल एक प्रोसेसर की क्षमता होती है। यह CPU सबसे पुराने प्रकार का है। पहले इसी CPU का उपयोग होता था। इस प्रकार के CPU से एक समय में केवल एक ही प्रक्रिया या कार्य करने की क्षमता होती थी। इससे मल्टीटास्किंग संभव नहीं थी।

2. Dual Core CPU

Dual Core CPU में दो Core होते हैं। यानी इसमें प्रोसेसर की दो क्षमताएं होती हैं। आपने मोबाइल या कंप्यूटर की विशेषताओं में Dual Core लिखा हुआ देखा होगा। इसका अर्थ है कि इसी CPU से समय-समय पर एक से अधिक कार्य करने की क्षमता होती है। इसकी प्रोसेसिंग स्पीड भी Single Core CPU से अधिक होती है, लेकिन Quad Core CPU से कम होती है।

3. Quad Core CPU

चार Core वाले CPU को Quad Core CPU कहा जाता है। इसमें चार Core वाले प्रोसेसर की क्षमता होती है। इसलिए Single Core CPU और Dual Core CPU की तुलना में इसकी प्रोसेसिंग स्पीड अधिक होती है। इसकी मदद से मल्टीटास्किंग संभव होता है। इस प्रकार के CPU के सहारे बड़े-बड़े कार्य आसानी से किए जा सकते हैं, जैसे कि वीडियो संपादन, डिजाइनिंग, गेम आदि।

CPU कैसे बनता है

CPU एक प्रकार का माइक्रो चिप होता है, जो सिलिकॉन चिप से निर्मित होता है। इसका मुख्य तत्व सिलिकॉन होता है, जो रेत (सैंड) में प्रायः उपलब्ध होता है। इसलिए CPU जैसे सेमीकंडक्टर बनाने के लिए रेत का उपयोग किया जाता है। इसके लिए, दो कंपनियों या दो फैक्ट्रीज़ के माध्यम से जाना पड़ता है। पहली फैक्ट्री में, रेत से सिलिकॉन अलग किया जाता है, जिसके लिए उच्च तापमान (लगभग 1000°सेल्सियस) और विशेष रासायनिक पदार्थों का उपयोग किया जाता है। इस प्रक्रिया के बाद, सिलिकॉन छोटे क्रिस्टल के रूप में प्राप्त हो जाता है।

इन क्रिस्टलों को गर्म करके विशेष रासायनिक पदार्थों के द्वारा सिलिकॉन के सिलेंडर को बनाया जाता है। इस सिलेंडर को “इंगोट” कहा जाता है। अब इस सिलिकॉन सिलेंडर को जाँचा जाता है कि यह प्योर सिलिकॉन है या नहीं। जब सिलिकॉन सिलेंडर टेस्ट में पास हो जाता है, तब इसे पतले टुकड़ों में बाँट दिया जाता है,

 जिन्हें “वेफर्स” कहा जाता है। इन वेफर्स को काटकर और पॉलिश करके स्मूथ बनाया जाता है। अब इन वेफर्स को चिप बनाने वाली कंपनी या फैक्ट्री के पास पहुँचाया जाता है, जहाँ इन वेफर्स पर बहुत सारे ट्रांजिस्टर (लाखों ट्रांजिस्टर) बनाए जाते हैं। इसके लिए अल्ट्रावायलेट लेजर का उपयोग किया जाता है। जब इन वेफर्स पर ट्रांजिस्टर प्रिंट हो जाते हैं,

प्रत्येक वेफर्स से कई चिप प्राप्त होते हैं। अंत में, इन चिप को टेस्ट किया जाता है। अगर सभी सही होते हैं, तब इन्हें एक कवर के भीतर पैक किया जाता है। ये सभी प्रक्रियाएँ आसान नहीं होती हैं। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि ये सभी प्रक्रियाएँ माइक्रोस्कोपिक स्तर पर की जाती हैं। यानी इन्हें नग्न आंखों से भी देखा नहीं जा सकता है। इसमें और भी कई और प्रक्रियाएँ होती हैं। हालांकि, हमने इसे सरल भाषा में और संक्षेप में बताया है, ताकि आप आसानी से समझ सकें कि कैसे CPU रेत से बनाया जाता है।

CUP का महत्व (Importance of CPUs in modern technology

आधुनिक तकनीक में CPU (सेंट्रल प्रोसे)सिंग यूनिट) का महत्व को कम करके नहीं आंका जा सकता है। CPU इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के मस्तिष्क के रूप में काम करते हैं, उनकी कार्यक्षमता को सक्षम करने और उनकी प्रदर्शन क्षमताओं को निर्धारित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। आधुनिक तकनीक में CPU के महत्व को उजागर करने वाले कुछ प्रमुख पहलू इस प्रकार हैं:

1. Computing Power: CPU (सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट) इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों में निर्देशों को performed करने और गणना करने का जिम्मेदार होता है। यह प्रसंस्करण क्षमताएं जैसे डेटा analysi, Simulation और Complex calculations कार्यों की गति और कुशलता को सीधे प्रभावित करती है। उच्च-प्रदर्शन CPU resource-Intensive applications का संचालन करने और गति से Processing समय सुनिश्चित करने के लिए महत्वपूर्ण है।

2. डिवाइस की कार्य क्षमता: CPU पर्सनल कंप्यूटर, लैपटॉप, सर्वर और अन्य कंप्यूटिंग उपकरणों के लिए एक important भाग हैं। वे System Resources का प्रबंधन और समन्वय करते हैं, मल्टीटास्किंग की सुविधा प्रदान करते हैं और सॉफ़्टवेयर एप्लिकेशनों को performed करते हैं। CPU की प्रदर्शन क्षमता इन उपकरणों के संपूर्ण user experience, liability और Unopposed कार्य प्रणाली पर गहरा प्रभाव डालती है।

3. मोबाइल उपकरण और स्मार्ट टेक्नोलॉजी: CPU स्मार्टफोन, टैबलेट, पहनने योग्य डिवाइस और अन्य मोबाइल गैजेट्स की क्षमता शक्ति प्रदान करते हैं। वे मोबाइल ऐप्स, इंटरनेट ब्राउजिंग, मल्टीमीडिया प्लेबैक और गेमिंग के Smooth operation को संभालते हैं। एक आसान और जिम्मेदार उपयोगकर्ता अनुभव प्रदान करने, मल्टीटास्किंग की मांगों को संभालने और मोबाइल उपकरणों में Battery Life को अनुकूलित करने के लिए कुशल CPU आवश्यक होते हैं।

4.इंटरनेट ऑफ़ थिंग्स (आईओटी): आईओटी के दायरे में, CPU कनेक्टेड डिवाइस और सिस्टम में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वे वास्तविक समय में डेटा को संसाधित करते हैं, संचालन को नियंत्रित करते हैं और उपकरणों के बीच संचार की सुविधा प्रदान करते हैं। कम बिजली की खपत और उच्च प्रसंस्करण क्षमता वाले CPU आईओटी उपकरणों द्वारा उत्पन्न डेटा की विशाल मात्रा को संभालने और सहज कनेक्टिविटी और automation को सक्षम करने के लिए आवश्यक होते हैं।

5. Artificial Intelligence and Machine Learning: AI और Ml system में CPU महत्वपूर्ण घटक होते हैं। वे AI model को trained करने और guess Processes को शक्तिशाली बनाने में मदद करते हैं, Complex computation और Algorithms को performed करते हैं। बड़े स्केल पर डेटा सेट का प्रबंधन करने, AI प्रदर्शन को अनुकूलित करने और natural भाषा Processing, कंप्यूटर दृष्टि और भविष्यवाणी विश्लेषण जैसे विभिन्न एप्लिकेशनों में रियल-टाइम निर्णय लेने की क्षमता का समर्थन करने के लिए उच्च-प्रदर्शन CPU की आवश्यकता होती है।

6. Scientific and Industrial Applications: CPU Scientific Research, Simulation and Modeling में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। वे Physics, Chemical Sciences, Weather Forecast और Genetic analysis जैसे क्षेत्रों में जटिल गणना और Processing कार्यों को संभालते हैं। Industrial Settings में, CPU Automation, Robotics और Control System का संचालन करते हैं, जिससे forming, Logistics और अन्य क्षेत्रों में कुशल और सटीक संचालन की क्षमता को सक्षम किया जा सकता है।

संक्षेप में कहें तो, सीपीयू आधुनिक तकनीक का मूल आधार हैं, जो इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और सिस्टमों को Processing power, capacity to work और बुद्धिमत्ता के साथ सशक्त बनाते हैं। वे Computing power, Device Functionality, Mobile Technology, Internet of Things (IoT), Artificial Intelligence/Machine Learning (AI/ML), Scientific Research and Industrial Control के अभिन्न घटक हैं। CPU technology के द्वारा innovation को बढ़ावा मिलता है और यह हमारी तेजी से जुड़ी और तकनीक संचालित दुनिया की संभावनाओं को आकार देती है।

निस्कर्ष :

कंप्यूटर में CPU का महत्व क्या है? इसका अंदाजा आप इसी बात से लगा सकते हैं कि CPU के बिना कंप्यूटर किसी निर्देश का परिणाम नहीं दे सकता है। इसे बनाने के लिए कठिन प्रक्रिया से गुजरना होता है। इसकी सहायता से ही आज कंप्यूटर में मल्टीटास्किंग संभव है। यहाँ हमने CPU क्या होता है, CPU का प्रमुख कार्य क्या है, इसकी जानकारी विस्तार में बताई है। ऊपर हमने CPU का चित्र भी दिखाया है और कंप्यूटर में CPU के प्रभाव को बताया है।

इस लेख में हमने सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट (CPU) की पूरी जानकारी देने की कोशिश की है। हमने बताया है कि CPU kya hai, CPU की परिभाषा, CPU का परिचय, CPU के कार्य, CPU के भाग (पार्ट्स), CPU कैसे काम करता है, CPU के प्रकार, CPU कैसे बनता है। हम उम्मीद करते हैं कि यह लेख आपको पसंद आया होगा। इस लेख को पढ़कर आपने कुछ नया जाना और सीखा होगा।

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